Laxmisagar Dam

लक्ष्मीसागर (राधानगरी) बांध

 










लक्ष्मीसागर बांध, जिसे राधानगरी बांध भी कहा जाता है, महाराष्ट्र के कोल्हापुर जिले में भोगावती नदी पर निर्मित एक ऐतिहासिक बांध है। इसका निर्माण दूरदर्शी शासक राजर्षि छत्रपति शाहू महाराज की पहल पर किया गया था। यह बांध एक शताब्दी से भी अधिक समय से सिंचाई और जल प्रबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।


इस बांध का मुख्य उद्देश्य सिंचाई तथा जलविद्युत उत्पादन था। घने जंगलों और सुंदर प्राकृतिक वातावरण के बीच स्थित यह बांध पर्यटकों के लिए एक प्रमुख आकर्षण है।


राधानगरी बांध की सबसे विशेष पहचान इसके स्वचालित (Self-Opening) फाटक हैं, जो अपने आप खुलने वाली तकनीक के लिए प्रसिद्ध हैं। मानसून के दौरान इन फाटकों से बहता पानी अत्यंत मनमोहक दृश्य प्रस्तुत करता है।


यह क्षेत्र अनेक पक्षियों, वनस्पतियों और समृद्ध प्राकृतिक जैव विविधता का निवास स्थान है। इसलिए यह स्थान पक्षी प्रेमियों, प्रकृति प्रेमियों और फोटोग्राफरों के बीच विशेष रूप से लोकप्रिय है।